शुक्रवार, 28 अक्टूबर 2022
बुढानाथ मंदिर
हमारी दिवाली। कुछ रोचक तस्वीरएक तथ्य के मुताबिक ऋषि वशिष्ठ मुनि के द्वारा त्रेता युग में बुढानाथ मंदिर की स्थापना की गई थी।जो सर्वप्रथम बालवृध् उसके बाद वृहदेश्वर् नाथ तथा तत्काल परिवर्तित नाम बुढानाथ मंदिर के नाम से जाना जाता है। सर्वप्रथम इस मंदिर में शिवलिंग की पूजा अर्चना की गई थी। शिवपुराण मे इसकी चर्चा की गई है। ये बिहार राज्य के भागलपुर जिला में है। जो गंगा के किनारे है। मंदिर में प्राचीन मूर्ति स्थापित है।मंदिर की बनावट,सजावट,भूगोलिक स्थिति बहुत सुंदर और मनमोहक है। मंदिर की कुछ तस्वीर प्रस्तुत कर रहे है।
आप समस्त पाठकों का मेरे के queenraj blogger (qrb) चैनल पर हार्दिक अभिनंदन करता हूँ।
��
सदस्यता लें
टिप्पणियाँ भेजें (Atom)
represented by qrb
पितृपक्ष क्या है
पितृपक्ष क्या है? अवधि, गणना, महत्व और गया जी में पिंडदान का रहस्य🙏👍✍️ हिंदू धर्म में पितृपक्ष अपने पूर्वजों को याद करने, उनके...
|
|
Google adsense |
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें